अलर्ट! हल्के लक्षण वाले मरीज न कराएं सीटी स्कैन, पैदा हो सकता है कैंसर का खतरा

कोरोना वायरस का प्रकोप पूरे देशभर में तेजी से पैर पसरा रहा है. लाख कोशिशों के बावजूद भी संक्रमण थमने का नाम नहीं ले रहा है. इस बीच अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) के डायरेक्टर रणदीप गुलेरिया ने कहा कि आजकल बहुत ज्यादा लोग सीटी स्कैन करा रहे हैं. जब सीटी स्कैन की जरूरत नहीं है तो उसे कराकर आप खुद को नुकसान ज्यादा पहुंचा रहे हैं क्योंकि आप खुद को रेडिएशन के संपर्क में ला रहे हैं. इससे बाद में कैंसर होने की संभावना बढ़ सकती है. उन्होंने कहा कि सीटी-एससीएन और बायोमार्कर का दुरुपयोग किया जा रहा है. हल्के लक्षण होने पर सीटी-स्कैन कराने में कोई फायदा नहीं है. एक सीटी-स्कैन 300 छाती एक्स-रे के बराबर है, यह बहुत हानिकारक है.

गुलेरिया ने ये कहा

गुलेरिया ने कहा कि स्टेरॉइड घर में इलाज करा रहे लोग नहीं लें. मध्यम लक्षण में ही स्टेरॉइड दिया जाता है. मॉडरेट बीमारी में तीन तरीके से इलाज होगा. सबसे पहले ऑक्सीजन दीजिए, ऑक्सीजन भी दवा है. उसके बाद स्टेरॉइड दे सकते हैं. होम आइसोलेशन में रह रहे लोग अपने डॉक्टर से संपर्क करते रहें. सेचुरेशन 93 या उससे कम हो रही है, बेहोशी जैसे हालात हैं, छाती में दर्द हो रहा है तो एकदम डॉक्टर से संपर्क करें.

देश में अब तक 81.77 फीसदी मरीज हुए ठीकः स्वास्थ्य मंत्रालय

वहीं देश में कोरोनावायरस की स्थिति को लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने बताया कि देश में अब तक 81.77 फीसदी मामले ठीक हुए हैं. देश में करीब 34 लाख सक्रिय मामलों की संख्या बनी हुई है. अब तक संक्रमण से 2 लाख के करीब मृत्यु दर्ज की गई है. पिछले 24 घंटे में देश में 3,417 लोगों की मृत्यु दर्ज की गई हैं. देश में 12 राज्य ऐसे हैं जहां 1 लाख से भी ज्यादा सक्रिय मामले हैं.