दीदी के बयान पर मचा बवाल, BJP बोली- TMC की मान्यता रद्द हो

Mamata Banrjee

The Fact India: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के चौथे चरण के पहले राजनीतिक बयानबाजी का दौर तेज हो गया है. राज्य की सीएम और टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी (Mamata Banrjee) के सीआरपीएफ के जवानों का घेराव करने के आह्वान के बाद बंगाल में राजनीतिक विवाद गरमा गया है. बीजेपी ने सीएम के बयान की निंदा करते हुए उन्हें सेंसर करने की मांग की है. इसके साथ ही बीजेपी के प्रतिनिधिमंडल ने चुनाव आयोग से मुलाकात कर ज्ञापन सौपा है और इसे संविधान विरोधी करार देते हुए चुनाव आयोग से कार्रवाई की मांग की. प्रतिनिधिमंडल में शिशिर बाजौरिया सहित अन्य बीजेपी नेता शामिल थे.

टीएमसी की रद्द हो मान्यता

सीएम के बयान पर बीजेपी के प्रदेश उपाध्यक्ष जयप्रकाश मजुमदार ने कहा कि यदि कोई भी राजनीतिक दल किसी भी सैन्य या अर्धसैनिक बल पर विरोध या टिप्पणी करता है, तो यह पूरी तरह असंवैधानिक है. संविधान के खिलाफ है. मुझे लगता है कि यह राज्य विरोधी कृत्य है. क्या चुनाव आयोग को टीएमसी की मान्यता नहीं रद्द देनी चाहिए ?

माओवादियों की भाषा बोल रही हैं ममता

बीजेपी नेता ने आगे कहा कि इस तरह की टिप्पणी माओवादियों द्वारा की जा सकती है. सैन्य, अर्धसैनिक बल देश की रक्षा करते हैं. ममता उन पर हमला कर रही हैं. वह किस अधिकार से हमला कर रही हैं. ऐसा लगता है कि वह सत्ता के नशे में हमला बोल रही हैं.

कूचबिहार की सभा में ममता ने दी है धमकी

आपको बता दें ममता बनर्जी (Mamata Banrjee) ने बुधवार को कूचबिहार की सभा में आरामबाग में उम्मीदवारों पर हमला करने पर कहा कि मैं अपनी मां और बहनों से कह रही हूं कि बाहर से कोई आए और परेशानी पैदा करे और अगर सीआरपीएफ आती है और परेशानी का कारण बनती है, तो उसे घेर लो. उन्होंने कहा कि एक समूह सीआरपीएफ को घेर लेगा, एक समूह वोट देने जाएगा. अगर आप सिर्फ घेराबंदी रखते हैं, तो वोट चला जाएगा. यह बीजेपी की चाल है.